जैसी करनी वैसी भरनी मुहावरे का अर्थ और वाक्य प्रयोग

Meaning
जैसी करनी वैसी भरनी मुहावरे का अर्थ (jaisi karni waisi bharni muhavare ka arth) – कर्म के अनुसार ही फल मिलता है

जैसी करनी वैसी भरनी मुहावरे पर टिप्पणी

English me meaning “As a man sows, so shall he reap”.

हम अक्सर समाज में देखते हैं कि अच्छे व्यक्ति के साथ सब अच्छे से ही रहते हैं क्योंकि अच्छा व्यक्ति कर्म व वाणी से अच्छा होता है और फल स्वरुप सब ऐसे व्यक्ति से अच्छा ही व्यवहार करते हैं।

गीता में कृष्ण भी कहते हैं कि जो जैसा करेगा वह वैसा भरेगा अर्थात बुरा व्यक्ति आज गलत काम करके आने वाले भविष्य में दुखी होगा विपरीत फल के कारण।

जैसी करनी वैसी भरनी का वाक्य प्रयोग

वाक्य – सेठ खरीदारों को ठगता था, आज उसे किसी तीसमारखा व्यक्ति ने हीं ठग दिया इसे कहते हैं जैसी करनी वैसी भरनी।

वाक्य – पिताजी की हमेशा से ही दूसरों को देने की प्रवृत्ति रही है इसलिए उनके धन-संपत्ति में इतनी वृद्धि हो गई है।आखिर जैसी करनी वैसी भरनी ।

वाक्य – कृष्ण ने गीता में कहा है ‘कर्म करो फल की चिंता मत करो’ क्योंकि जैसी करनी वैसी भरनी।

वाक्य – सुरेश यदि तुमने चोरी की है तो यह भी जान लो अब जेल भी जाना पड़ सकता है क्योंकि जैसी करनी वैसी भरनी।